ॐ जय जगदीश हरे — सम्पूर्ण आरती एवं भावार्थ
हर घर और मंदिर में गाई जाने वाली भगवान विष्णु की सार्वभौमिक और अत्यंत प्रिय आरती।
ॐ जय जगदीश हरे — सम्पूर्ण आरती एवं भावार्थ
ॐ जय जगदीश हरे — इस आरती में भक्त भगवान विष्णु को अपना सर्वस्व समर्पित करते हुए पाप, ताप और संताप हरने की प्रार्थना करता है।
मंत्र जाप के लाभ एवं महिमा
घर में सुख-शांति और समृद्धि आती है, नकारात्मक ऊर्जा समाप्त होती है।